ग्रेटर नोएडा। साल के अंतिम दिन पर एथोमार्ट चैरिटेबल ट्रस्ट (ईएमसीटी) की टीम ने अपना दिन उन बुजुर्गों के साथ बिताया, जिनके अपनों ने उन्हें वृद्धाश्रम में रहने को मजबूर कर दिया। शुक्रवार को जहां हर कोई नए साल के जश्न में व्यस्त रहा, वहीं ईएमसीटी की टीम ने बुजुर्गों के चेहरे पर मुस्कान लाने का छोटा सा प्रयास किया।

संस्था के लोगों का कहना था कि दो वक्त का खाना, पीने के लिए पानी, पहनने के लिए कपड़े और सिर पर छत, ये हम इंसानों की मूलभूत जरूरतें हैं। इसी को पूरा करने के लिए बहुत सी संस्थाएं काम कर रही हैं। उनमें से एक ईएमसीटी संस्था है, जो बेसहारा बुजुर्गों की खुशी के लिए प्रयासरत है। इसी प्रयास को आगे बढ़ाते हुए एक बार फिर से टीम ने अपना समय इन बुजुर्गों के साथ बिताया। इस दौरान कई मनोरंजक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। बुजुर्गों के साथ टीम के सदस्यों ने लंच किया। इस प्रयास से खुश बुजुर्गों ने सभी को बहुत आशीर्वाद दिया।

संस्था का कहना है कि टीम नियमित रूप से वृद्धाश्रमों में रह रहे लोगों के संपर्क में रहती है। इस सप्ताह भी टीम ने कई वृद्धाश्रमों में गर्म कपड़े वितरित किए गए और उनकी अन्य जरूरतों की सूची भी बनाई गई, जिससे आने वाले समय में उनकी मदद की जा सके।

इस मौके पर ईएमसीटी टीम से अनामिका, शीटू, प्रियंका, विनीता, सरिता, ध्रुवी, अन्नवी, आराध्या, वेदिका, नोयली, शिवाय, सुरभि, अंजलि, अमित और अवधेश आदि उपस्थित रहे।