– समाजसेवी को वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो ने आरटीआई के तहत दी जानकारी

नोएडा। वर्ष-2021 में देश में कुल 49 हाथियां का शिकार किया गया। यह खुलासा समाजसेवी एवं अधिवक्ता रंजन तोमर की आरटीआई के तहत वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो ने दी। इसमें सर्वाधिक शिकार असम में हुआ है। वहां नौ हाथियों को शिकारियों ने मौत के घाट उतार दिया। इस दौरान 15 शिकारियों को गिरफ्तार किया गया।

समाजसेवी रंजन तोमर ने बताया कि आरटीआई के तहत मिली जानकारी के मुताबिक पश्चिम बंगाल, ओडिशा और तमिलनाडु में 8-8 हाथियों का शिकार किया गया है। यह भी बताया गया है कि पश्चिम बंगाल में 11, ओडिशा में 13 और तमिलनाडु में 17 शिकारियों को गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा उत्तराखंड और कर्नाटक में 3-3 हाथियों का शिकार किया गया। इसमें क्रमश: 4 और एक शिकारी को गिरफ्तार किया गया। जबकि केरल एवं अरुणाचल प्रदेश में 2-2 हाथियों का शिकार हुआ। इस प्रकार वर्ष-2021 में देश में कुल में 49 हाथियों का शिकार हुआ और 77 शिकारी गिरफ्तार किए गए।

– हाथी पर्यावरण के लिए क्यों हैं जरूरी क्यों

हाथी 24 घंटे में औसतन 10 से 50 किलोमीटर तक जंगल में चल लेता है। यह पेड़ पौधों की पत्तियां और फल खाता है। जब वह एक जगह से दूसरी जगह पर जाता है तो उसके गोबर के जरिये एक जगह के पेड़-पौधों के बीज दूसरी जगह पहुंचकर उग जाते हैं। इस तरह वह जंगल को बढ़ाने और उसे अलग-अलग तरह के पौधों से समृद्ध करने का काम करता है।

रंजन तोमर ने बताया कि वह जल्द ही ज़्यादा शिकार होने वाले राज्यों के संबंधित मंत्रियों को पत्र लिखकर जानकारी मांगेंगे और भारत सरकार से इनके बचाव की अपील करेंगे।